
चरखी दादरी.
अक्सर अनुशासन और सख्त ड्यूटी के लिए पहचाने जाने वाले पुलिसकर्मियों ने मानवता और अटूट दोस्ती का एक ऐसा संदेश दिया है, जिसकी चर्चा पूरे प्रदेश में हो रही है। चरखी दादरी जिले के गांव सांवड़ में रविवार रात एक शादी समारोह उस समय भावुक और गौरवान्वित क्षणों का गवाह बना।
खाकी वर्दी धारी साथियों ने अपने साथी कर्मचारी के घर पहुंचकर उसकी बेटी को अपनी बेटी मानकर सात लाख रुपये से अधिक की राशि कन्यादान स्वरूप भेंट की। वर्ष 1998 में हरियाणा पुलिस में भर्ती हुए भिवानी और दादरी जिले के कर्मचारियों ने एकजुट होकर अपने साथी रविंद्र मिंटू शर्मा की पुत्री के विवाह में 7 लाख एक हजार 111 रुपये की राशि कन्यादान स्वरूप भेंट की। इसे क्षेत्र का अब तक का बड़ा और सामूहिक कन्यादान माना जा रहा है। इस अनूठी पहल और सामाजिक कार्यक्रम का नेतृत्व कर रहे कबड्डी खिलाड़ी इंस्पेक्टर रमेश कुमार को सभी कर्मचारियों ने सामूहिक रूप से पगड़ी पहनाकर सम्मानित किया।
रमेश कुमार के कुशल नेतृत्व और इस नेक कार्य के प्रति उनके समर्पण की सराहना की। इस मुहिम के बारे में विस्तार से जानकारी देते हुए एएसआई अशोक कुमार ने बताया कि उनकी यह एकजुटता केवल ड्यूटी तक सीमित नहीं है। उन्होंने कहा कि वर्ष 1998 बैच के सभी कर्मचारी, जो भिवानी और दादरी जिले से संबंध रखते हैं, पिछले कई वर्षों से एक परिवार की तरह रह रहे हैं। उनका उद्देश्य केवल कानून व्यवस्था बनाए रखना ही नहीं, बल्कि अपने साथियों के सुख-दुख में कंधे से कंधा मिलाकर खड़ा होना भी है।
उन्होंने कहा कि वे चाहते हैं कि समाज में यह संदेश जाए कि एकजुटता और भाईचारा ही किसी भी समाज की सबसे बड़ी शक्ति है। इस मौके पर इंस्पेक्टर रमेश कुमार ने कहा कि आज के दौर में जहां लोग व्यक्तिगत स्वार्थों में सिमटते जा रहे हैं, वहीं पुलिसकर्मियों की यह सामूहिक भागीदारी समाज को एकजुटता का पाठ पढ़ाती है। उन्होंने कहा कि यह कन्यादान केवल एक आर्थिक सहायता नहीं, बल्कि उन यादों और उस संघर्ष का सम्मान है जो इन कर्मचारियों ने 1998 से एक साथ साझा किया है।




